रामपुरा। राष्ट्रीय दृष्टि विहीनता निवारण कार्यक्रम के अंतर्गत बुधवार को जवाहर नवोदय विद्यालय, रामपुरा में व्यापक नेत्र एवं सामान्य स्वास्थ्य परीक्षण शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में विद्यार्थियों के संपूर्ण स्वास्थ्य की जांच कर आवश्यक परामर्श एवं निःशुल्क उपचार उपलब्ध कराया गया। स्वास्थ्य विभाग की इस पहल का उद्देश्य विद्यार्थियों में स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं की समय पर पहचान कर उनका प्रभावी उपचार सुनिश्चित करना रहा।
यह शिविर जिला कलेक्टर हिमांशु चंद्रा, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. डी. प्रसाद तथा खंड चिकित्सा अधिकारी डॉ. उमेश बसेर के निर्देशन में आयोजित किया गया।
शिविर के दौरान विद्यालय के प्राचार्य नंदकिशोर पवार की उपस्थिति में कुल 270 विद्यार्थियों का सामान्य स्वास्थ्य परीक्षण किया गया। जांच के दौरान बच्चों के स्वास्थ्य की विस्तृत जांच कर आवश्यक चिकित्सकीय सलाह दी गई तथा जरूरतमंद विद्यार्थियों को निःशुल्क उपचार एवं दवाइयां उपलब्ध कराई गईं।
इसी क्रम में नेत्र परीक्षण अभियान के तहत आफ्थेल्मिक टेक्नीशियन प्रकाश सिंदवानी द्वारा 46 विद्यार्थियों की आंखों की जांच की गई। जांच में 12 विद्यार्थी रिफ्रैक्टिव एरर (दृष्टिदोष) से पीड़ित पाए गए, जिन्हें आवश्यक उपचार एवं आगे की चिकित्सकीय सलाह प्रदान की गई।
स्वास्थ्य परीक्षण शिविर में डॉ. प्रमोद पाटीदार, डॉ. आशीष सोनी, डॉ. स्वाति जैन, डॉ. रीना, एमपीडब्ल्यू जितेंद्र पंवार, स्टाफ नर्स कोमल, एलटी जगदीश राइकवाल एवं राहुल सोनारथी ने सक्रिय सहभागिता निभाई और विद्यार्थियों का स्वास्थ्य परीक्षण कर उन्हें स्वास्थ्य संबंधी आवश्यक जानकारी भी दी।
चिकित्सकों ने विद्यार्थियों को आंखों की नियमित जांच कराने, संतुलित आहार लेने, स्वच्छता बनाए रखने तथा किसी भी प्रकार की स्वास्थ्य समस्या होने पर तुरंत चिकित्सकीय सलाह लेने के लिए प्रेरित किया।
विद्यालय प्रबंधन ने स्वास्थ्य विभाग की इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे शिविर विद्यार्थियों के बेहतर स्वास्थ्य, समय पर रोगों की पहचान तथा उनके उज्ज्वल भविष्य के लिए अत्यंत उपयोगी साबित होते हैं। राष्ट्रीय दृष्टि विहीनता निवारण कार्यक्रम के तहत आयोजित इस शिविर से अनेक विद्यार्थियों को समय रहते स्वास्थ्य एवं नेत्र संबंधी समस्याओं का पता चल सका, जिससे भविष्य में होने वाली जटिलताओं से बचाव संभव होगा।









