डॉ. बी. एल. भाटी: शिक्षा, सेवा ओर नेतृत्व का अद्वितीय संगम
डॉ. बी. एल. भाटी एक प्रसिद्ध विद्वान और शिक्षाविद् हैं, जिन्होंने अपने मेहनत और लगन से समाज में एक विशिष्ट पहचान बनाई है। उनकी विशेषज्ञता गणित और विज्ञान के क्षेत्र में है, और उनकी पुस्तकें और आर्टिकल्स विभिन्न प्रतिष्ठित प्रकाशनों में प्रकाशित हुए हैं।
डॉ. भाटी का जन्म पिपलिया सिंघाड़िया में हुआ था। उनके पिता स्वर्गीय लक्ष्मीनारायणजी भाटी एडवोकेट और कान के डॉक्टर थे। डॉ. भाटी ने अपनी प्रारंभिक शिक्षा पिपलिया सिंघाड़िया में प्राप्त की, और बाद में कक्षा 6 से 8 तक पालड़ा गांव से पैदल जाकर पढ़ाई की।
शिक्षा और करियर
- कक्षा 9 और 10 चचौर स्कूल से और 11वीं और 12वीं कुकड़ेश्वर हाई सेकेंडरी स्कूल से पूरी की।
- मंदसौर कॉलेज से कॉलेज की पढ़ाई पूरी की और टॉपर स्टूडेंट रहे।
- एमएससी गणित में मास्टर डिग्री प्राप्त की और रामपुरा कॉलेज में एडहॉक प्रोफेसर के रूप में चयन हुआ। उपलब्धियां
- फिक्स्ड पॉइंट थ्योरी पर पीएचडी की डिग्री हासिल की।
- एक पुस्तक लिखी और अन्य पुस्तकें प्रकाशित होने वाली हैं।
- सामाजिक गतिविधियों में सक्रिय रूप से भाग लेते हैं।
रामपुरा तहसील वरिष्ठ अध्यक्ष के रूप में नियुक्ति
डॉ. बी. एल. भाटी को रामपुरा वरिष्ठ तहसील अध्यक्ष के रूप में नियुक्त किया गया है, जो उनकी नेतृत्व क्षमता और समर्पण को दर्शाता है।
डॉ. बी. एल. भाटी की जीवन गाथा एक प्रेरणादायक उदाहरण है, जो दर्शाता है कि मेहनत और लगन से कोई भी लक्ष्य हासिल किया जा सकता है। उनकी उपलब्धियों और समाज सेवा के कार्यों को देखकर निश्चित रूप से युवाओं को प्रेरणा मिलेगी।
आपके वरिष्ठ अध्यक्ष बनने पर रामपुरा एवम मनासा तहसील में समाज जनों ने बधाई एवम शुभकामनाएं प्रेषित की










